देहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शुक्रवार को सचिवालय में नैनीताल और ऊधमसिंहनगर जनपद की विभिन्न विधानसभाओं से जुड़ी मुख्यमंत्री घोषणाओं की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि जनप्रतिनिधियों द्वारा उठाई गई समस्याओं का त्वरित और प्रभावी समाधान सुनिश्चित किया जाए।
उन्होंने कहा कि विधायक अपने क्षेत्रों की समस्याओं को शासन तक पहुंचाते हैं, इसलिए उन पर गंभीरता से कार्रवाई करना प्रशासन की जिम्मेदारी है। मुख्यमंत्री ने अल्पकालिक कार्यों को शीघ्र पूरा करने और दीर्घकालिक योजनाओं को तय समयसीमा के भीतर चरणबद्ध तरीके से पूरा करने के निर्देश दिए।
समन्वय और मॉनिटरिंग पर जोर
मुख्यमंत्री ने आनंद बर्धन को निर्देश दिए कि जिन योजनाओं में कई विभाग जुड़े हैं, उनमें बेहतर समन्वय सुनिश्चित किया जाए और उनकी नियमित समीक्षा की जाए, ताकि परियोजनाओं में अनावश्यक देरी न हो।
जनप्रतिनिधियों से संवाद बनाए रखने के निर्देश
सीएम ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि वे विधायकगणों के साथ निरंतर संवाद बनाए रखें, जिससे समस्याओं का समाधान तेजी से हो सके और विकास कार्यों में गुणवत्ता बनी रहे।
बरसात और वनाग्नि को लेकर अलर्ट
आगामी वर्षाकाल को देखते हुए मुख्यमंत्री ने बरसाती नालों की सफाई, सिल्ट हटाने और जल निकासी से जुड़े कार्य समय से पहले पूरा करने के निर्देश दिए। साथ ही ग्रीष्मकाल में संभावित वनाग्नि की घटनाओं को रोकने के लिए विभागों के बीच समन्वय और जनजागरूकता बढ़ाने पर जोर दिया।
पेयजल और बिजली आपूर्ति पर विशेष ध्यान
मुख्यमंत्री ने गर्मी के मौसम को देखते हुए पेयजल और बिजली की निर्बाध आपूर्ति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए, ताकि ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में लोगों को किसी प्रकार की परेशानी न हो।
इन मुद्दों पर हुई चर्चा
बैठक में विधायकों ने अपने क्षेत्रों से जुड़ी कई समस्याएं उठाईं, जिनमें सड़क निर्माण और मरम्मत, स्वास्थ्य सेवाएं, मिनी खेल मैदान, जंगली जानवरों से फसलों की सुरक्षा, बाढ़ सुरक्षा और जलभराव जैसे मुद्दे शामिल रहे।
मुख्यमंत्री ने सभी समस्याओं के समाधान के लिए अधिकारियों को समयबद्ध और प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश देते हुए कहा कि जनहित से जुड़े कार्यों में किसी भी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी। बैठक में कैबिनेट मंत्री और वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।






